स्मार्टफोन चिप बनाने वाली अमेरिकी कंपनी Qualcomm ने जुलाई-सितंबर तिमाही (Q4 FY2026) के नतीजे जारी किए हैं, जिनमें कंपनी का रेवेन्यू 7% घटकर 10.44 अरब डॉलर रहा। फोन चिप्स की बिक्री में 26% की बड़ी गिरावट आई, लेकिन कारों के लिए चिप वाला बिज़नेस 89% उछलकर रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गया।
मुख्य बातें
- Q4 रेवेन्यू 10.44 अरब डॉलर, सालाना आधार पर 7% कम
- हैंडसेट (फोन चिप) रेवेन्यू 26% घटकर 5.14 अरब डॉलर
- ऑटोमोटिव रेवेन्यू 89% बढ़कर करीब 1.99 अरब डॉलर, अब तक का रिकॉर्ड
- दिसंबर तिमाही में डेटा सेंटर से 65 करोड़ डॉलर से ज़्यादा कमाई का अनुमान
नतीजों की बड़ी तस्वीर
Qualcomm का नॉन-GAAP रेवेन्यू 10.442 अरब डॉलर रहा। आज के करीब ₹94.4 प्रति डॉलर के हिसाब से यह लगभग ₹98,500 करोड़ बैठता है। यह आंकड़ा कंपनी के अपने अनुमान के ऊपरी हिस्से में रहा और रिपोर्ट्स के मुताबिक वॉल स्ट्रीट के अनुमान से थोड़ा बेहतर था।
हालांकि मुनाफे पर दबाव साफ दिखा। प्रति शेयर कमाई (EPS) 2.17 डॉलर रही, जो पिछले साल से 28% कम है। ऑपरेटिंग प्रॉफिट भी करीब 27% घटा। यानी कंपनी की बिक्री तो अनुमान के आसपास रही, लेकिन कमाई का मार्जिन सिकुड़ा।
फोन चिप्स कमज़ोर, कार चिप्स ने बचाई साख
Qualcomm का सबसे बड़ा बिज़नेस आज भी स्मार्टफोन वाले Snapdragon चिप्स हैं। इस तिमाही इस सेगमेंट का रेवेन्यू 5.14 अरब डॉलर रहा, जो पिछले साल के करीब 6.9 अरब डॉलर से 26% कम है। रिपोर्ट्स के मुताबिक, मेमोरी की कमी और महंगे पुर्ज़ों की वजह से फोन कंपनियों ने प्रोडक्शन घटाया, जिसका असर Qualcomm पर पड़ा।
दूसरी तरफ कारों के लिए चिप वाला ऑटोमोटिव बिज़नेस 89% बढ़कर करीब 1.99 अरब डॉलर पहुंच गया। पिछले साल यह करीब 1.05 अरब डॉलर था, यानी एक साल में लगभग दोगुना। IoT (PC, XR, रोबोटिक्स) बिज़नेस 4% बढ़कर 1.89 अरब डॉलर रहा, जबकि पेटेंट लाइसेंसिंग (QTL) की कमाई 7% घटकर 1.30 अरब डॉलर रही।
डेटा सेंटर पर बड़ा दांव
कंपनी अब AI डेटा सेंटर के लिए चिप्स को नया ग्रोथ इंजन मान रही है। FY2027 से डेटा सेंटर को अलग सेगमेंट के तौर पर दिखाया जाएगा। दिसंबर तिमाही में इससे 65 करोड़ डॉलर से ज़्यादा रेवेन्यू का अनुमान है। पूरे FY2027 के लिए 5 अरब डॉलर का लक्ष्य रखा गया है।
अगली तिमाही (अक्टूबर-दिसंबर) के लिए कंपनी ने 10.4 से 11.2 अरब डॉलर के रेवेन्यू का अनुमान दिया है। EPS गाइडेंस 2.15 से 2.35 डॉलर रखा गया, जिसका मिड-पॉइंट बाजार की उम्मीद से थोड़ा नीचे रहा। रिपोर्ट्स के मुताबिक, इसी वजह से नतीजों के बाद शेयर आफ्टर-आवर्स ट्रेडिंग में 8% से ज़्यादा गिरा।
आपके लिए इसका मतलब
भारत में बिकने वाले कई Android फोन, बजट से लेकर फ्लैगशिप तक, Snapdragon चिप पर चलते हैं। Qualcomm के नतीजे इस बात का संकेत हैं कि फोन इंडस्ट्री अभी मेमोरी और पुर्ज़ों की महंगाई से जूझ रही है। ऐसे माहौल में आने वाले महीनों में नए फोन के दाम बढ़ने या स्टोरेज वेरिएंट्स कम होने का खतरा बना रहता है।
अगर आप नया फोन लेने की सोच रहे हैं, तो सिर्फ चिप का नाम नहीं, RAM-स्टोरेज, सॉफ्टवेयर अपडेट की अवधि और बैटरी पर भी ध्यान दें। वहीं कार खरीदने वालों के लिए अच्छी बात यह है कि गाड़ियों में कनेक्टेड फीचर्स और डिजिटल कॉकपिट तेज़ी से आम हो रहे हैं, जिसकी झलक Qualcomm के ऑटो बिज़नेस की उछाल में दिखती है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
Qualcomm का Q4 FY2026 रेवेन्यू कितना रहा?
कंपनी का नॉन-GAAP रेवेन्यू 10.44 अरब डॉलर रहा, जो पिछले साल से 7% कम है।
Qualcomm का कौन-सा बिज़नेस सबसे तेज़ बढ़ा?
ऑटोमोटिव बिज़नेस, जो 89% बढ़कर करीब 1.99 अरब डॉलर के रिकॉर्ड पर पहुंचा।
क्या इससे स्मार्टफोन महंगे होंगे?
सीधे तौर पर नहीं कहा जा सकता, लेकिन मेमोरी और पुर्ज़ों की महंगाई के चलते फोन कंपनियों पर लागत का दबाव है, जिसका असर कीमतों पर दिख सकता है।
(नोट: ये खबर सिर्फ जानकारी के लिए है, इसे निवेश की सलाह न समझें।)
स्रोत: The Elec, TradingKey




